छत्तीसगढ
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ASHISH TIWARI
आशीष तिवारी

स्वामी स्वदेशानंद ने बिलासपुर में प्रदेश कार्यालय का किया उद्घाटन,(आदि शक्ति की भूमि "छत्तीसगढ़ को आदि शक्ति भूमि" के नाम से जाना जाए - स्वामी स्वदेशानंद ब्रह्मगिरि )

बिलासपुर।अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच आज देश और विदेशों में अपना संकट काटक धर्म ध्वज लहरा रहा है। ये संकट काटक धर्म ध्वज एक हजार एक साधु - सन्तों के द्वारा अभिमंत्रित ध्वज है जिसके लगने से सभी प्रकार के संकटों से मुक्ति मिलती हैं। आज करोड़ों की संख्या में अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी स्वदेशानंद ब्रह्म गिरि महाराज के नेतृत्व में कार्यकर्ता भारत, नेपाल, भूटान, इंडोनेशिया, अमेरिका, दुबई, लन्दन, बंगला देश, आदि देशों में सनातन धर्म को मजबूत बनाने के लिए काम कर रहें हैं । भारत के हरेक प्रान्तों में संगठन का कार्यालय संचालित किए जा रहें। इसी के तहत छत्तीसगढ़ में रायपुर के पश्चात बिलासपुर में प्रदेश कार्यालय का उद्घाटन करने पहुंचे अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष एवम् सनातनी अखाड़ा के संस्थापक संयोजक स्वामी स्वदेशानंद ब्रह्म गिरि महाराज , अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के अंतर्राष्ट्रीय मुख्य संगठन महामंत्री स्वामी राजराजेश्वर महाराज, अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच छत्तीसगढ़ के प्रदेश अध्यक्ष अकलेश जैन, अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के राष्ट्रीय महामंत्री अंजनी शर्मा, नरेन्द्र मोदी विचार मंच के राष्ट्रीय महामंत्री अमरनाथ सोनी का बिलासपुर के पदाधिकारियों ने भव्य स्वागत पुष्प हारों तथा शाल श्री फल से किया । कार्यक्रम के मुख्य अतिथि स्वामी स्वदेशानंद ब्रह्म गिरि महाराज के हाथों रिबन काटकर कार्यालय का उद्घाटन किया गया । इस अवसर पर स्वामी स्वदेशानंद ब्रह्म गिरि महाराज जी ने कहा कि 2029 के पहले ही हम 25 करोड़ सदस्य के लक्ष्य को पूरा करेंगे। और 2029 के लोकसभा के आम चुनाव में हम दो सौ सन्तों को संसद तक पहुंचाएंगे। आज देश की संसद में दो सदस्य हैं हम दो सौ सन्तों को संसद तक पहुंचाकर भारत को हिन्दू राष्ट्र एवं गौ माता को राष्ट्र माता का दर्जा दिलाकर भारत की संसद में सन्त संसद की स्थापना करेगें । आपने कहा कि 2027 तक देश के हर जिले में अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच का कार्यालय होगा। जिससे देश के हमारे सनातनी भाइयों एवम् बहनों को अपनी समस्या का समाधान करने का अवसर प्राप्त होगा तथा भ्रमण में निकले साधु सन्तों को विश्राम कर भोजन प्रसादी की व्यवस्था होगी । स्वामी स्वदेशानंद ने कहा कि छत्तीसगढ़ आदि शक्तियों की भूमि है। छत्तीसगढ़ के विकास और उन्नति के लिए छत्तीसगढ़ को देवों की भूमि उत्तराखंड की तर्ज पर छत्तीसगढ़ को छत्तीसगढ़ को "छत्तीसगढ़ आदि शक्ति भूमि" के नाम से नामकरण किया जाना चाहिए।

बैठक को अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के अंतर्राष्ट्रीय मुख्य संगठन महामंत्री स्वामी राजराजेश्वर महाराज (डॉ.राजकुमार शर्मा ) अंतर्राष्ट्रीय सन्त बौद्धिक मंच के प्रदेश अध्यक्ष अकलेश जैन, राष्ट्रीय प्रवक्ता देवी लाल साहू, नरेन्द्र मोदी विचार मंच के राष्ट्रीय महामंत्री अमरनाथ सोनी, कार्यक्रम के आयोजक एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष संजय गुप्ता , आदि शक्ति सेना की राष्ट्रीय संगठन महामंत्री अनामिका दुबे, आदि शक्ति सेना छत्तीसगढ़ प्रदेश की संगठन महामंत्री सुमित्रा कोरी , संभागीय अध्यक्ष रितेश शुक्ला एवं अन्य पदाधिकारियों ने संबोधित किया। बहुत से योग्य सदस्यों की नियुक्ति की घोषणा कर दायित्वों भी दी गई। कार्यक्रम में विशेष रूप से आदि शक्ति सेना की प्रदेश महामंत्री पूजा तिवारी, जिला सचिव सतीश साहू, उमा शंकर साहू एवं बिलासपुर के गणमान्य पत्रकार उपस्थित रहे। बैठक का संचालन राष्ट्रीय प्रवक्ता देवी लाल साहू ने किया। आभार व्यक्त जिलाध्यक्ष जितेन्द्र कौशिक के द्वारा किया गया।

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